Waqf Amendment Bill 2025 in Lok Sabha apcc chief y s sharmila reddy says this bill is a part of pm agenda
Waqf Amendment Bill 2025 : कांग्रेस की आंध्र प्रदेश इकाई की प्रमुख वाई एस शर्मिला रेड्डी ने बुधवार (2 अप्रैल) को वक्फ संशोधन विधेयक, 2025 की निंदा की. इसके अलावा उन्होंने इसे देश के संविधान के तहत मुसलमानों को दी गई धार्मिक स्वतंत्रता को कमजोर करने का प्रयास बताया.
रेड्डी ने वक्फ संशोधन विधेयक, 2025 को भारत के अल्पसंख्यकों को दबाने की ‘साजिश’ और संवैधानिक मूल्यों का उल्लंघन बताया.
रेड्डी ने विधेयक को बताया प्रधानमंत्री के एजेंडे का हिस्सा
आंध्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी (APCC) की अध्यक्ष वाई एस शर्मिला रेड्डी ने दावा किया कि यह विधेयक मुस्लिम समुदाय के लोगों की भावनाओं को कथित रूप से ठेस पहुंचाने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एजेंडे का एक हिस्सा है. उन्होंने इसे भारत के लिए ‘काला दिन’ और धार्मिक रूप से नफरत भड़काने का एक साधन बताया.
वहीं, शर्मिला रेड्डी ने इसे लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट किया. इस पोस्ट में रेड्डी ने कहा, ‘‘ वक्फ संशोधन विधेयक के प्रावधान सरकारी अधिकारियों को वक्फ संपत्तियों और 300 साल पुरानी संपत्तियों के लिए आवश्यक दस्तावेजों की निगरानी करने की अनुमति देते हैं, जो बेहद चिंताजनक है. यह शर्त कि वक्फ की जमीन प्राप्त करने से पहले व्यक्तियों को पांच साल तक इस्लामी प्रथाओं का पालन करना होगा, अस्वीकार्य है.’’
मुसलमानों की धार्मिक भावना का अनादर करता है विधेयक- शर्मिला रेड्डी
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि यह वक्फ संशोधन विधेयक, 2025 न केवल मुसलमानों की धार्मिक भावनाओं का अनादर करता है, बल्कि सरकार को वक्फ संपत्तियों पर नियंत्रण करने और उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सहयोगियों को देने की अनुमति भी देता है.
रेड्डी ने मुख्यमंत्री पर भी साधा निशाना
शर्मिला ने तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) और जन सेना की ओर से वक्फ संशोधन विधेयक का समर्थन करने की निंदा करते हुए इसे ‘शर्मनाक’ करार दिया. इसके अलाव उन्होंने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू के ‘पाखंड’ की आलोचना की और वक्फ संपत्तियों पर उनके विरोधाभासी रुख का भी उल्लेख किया.