Shimla News First meeting of Sukhu cabinet after Himachal political crisis Vikramaditya Singh attended ann
Himachal Pradesh Politics: हिमाचल प्रदेश में सियासी उबाल अब कुछ हद तक थमता हुआ नजर आ रहा है. केंद्रीय आलाकमान ने फैसला लिया है कि सुखविंदर सिंह सुक्खू ही हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री बने रहेंगे. ऐसा सिर्फ केंद्रीय आलाकमान के आशीर्वाद से ही संभव नहीं हुआ, बल्कि मुख्यमंत्री के साथ अब भी अपने कई खास विधायकों का अटूट समर्थन बरकरार है.
सियासी संकट थमने के बाद मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में मंत्रिमंडल की पहली बैठक हुई. बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री ने की. इस बैठक में कई अहम फैसले भी हुए.
हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक का एक वीडियो सामने आया है. इस वीडियो में लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह की बॉडी लैंग्वेज हर किसी का ध्यान अपनी तरफ खींच रही है. कैबिनेट की बैठक में लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह कुछ असहज नजर आ रहे हैं.
वीडियो में जहां सभी मंत्रियों के टेबल पर रखी हुई फाइल खुली हुई है. वहीं, विक्रमादित्य सिंह फाइल बंद करके बैठे हुए हैं. इसके अलावा इस वीडियो में असहज तरीके से अपने हाथों की उंगलियों को भी हिलाते हुए दिख रहे हैं. जानकारों का मानना है कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू और मंत्री विक्रमादित्य सिंह के मतभेद दूर नहीं हो सके हैं. हालांकि आलाकमान के दबाव में दोनों नेताओं को एक साथ चलने का वादा करना पड़ा है.
मंत्रिमंडल की बैठक में क्या फैसला हुए?
हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल बैठक में ग्राम पंचायतों एवं नगर निकायों (म्युनिसिपेलेटीज) की वित्तीय स्थिति की समीक्षा और प्रदेश सरकार को इस संदर्भ में संस्तुति प्रदान करने के दृष्टिगत 7वें राज्य वित्त आयोग के गठन का निर्णय लिया गया.
इस बैठक में हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के तहत पंजीकृत डेढ़ लाख श्रमिकों, आशा वर्कर, आंगनवाड़ी वर्कर एवं हेल्पर को आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत लाने का निर्णय लिया गया है.
मंत्रिमंडल ने हिमाचल प्रदेश औद्योगिक निवेश नीति- 2019 के तहत और मदों को शामिल करने का निर्णय लिया, ताकि सूचना प्रौद्योगिकी, आयुष, स्वास्थ्य, पर्यटन और शिक्षा इत्यादि विभिन्न सेवा क्षेत्रों में और अधिक निवेश आकर्षित किया जा सके.
140 आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारियों की होगी नियुक्ति
मंत्रिमंडल ने श्रीनिवास रामानुजन डिजिटल डिवाइस योजना के अंतर्गत मेधावी विद्यार्थियों को 25 हजार रुपये तक की राशि तक प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण पद्धति अपनाने को अपनी स्वीकृति प्रदान की है. प्रदेश के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए 140 आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारियों की नियुक्ति को भी मंजूरी प्रदान की गई.
मंत्रिमंडल ने शिमला जिला स्थित 50 बिस्तर क्षमता वाले नागरिक अस्पताल सुन्नी को 100 बिस्तर क्षमता के नागरिक अस्पताल में स्तरोन्नत करने का निर्णय लिया. कांगड़ा जिले के ज्वालामुखी विधानसभा क्षेत्र के सुरानी में एक नया विकास खंड खोलने का भी निर्णय लिया गया.
ये भी पढ़ें