Fashion

Lucknow A Officer Daughter Gang Raped A Car Police Arrested 3 Accused


Lucknow Gang Rape: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक युवती से चलती गाड़ी में गैंगरेप का मामला सामने आया है. इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को 12 घंटे के अंदर गिरफ्तार भी कर लिया है. 5 दिसंबर की रात एक पूर्व सरकारी अधिकारी की बेटी के साथ चलती कार में गैंगरेप की घटना को अंजाम देने वाले तीन लोगों को पुलिस ने रविवार-सोमवार की रात को बाजारखाला इलाके से पकड़ लिया है. इस सूचना के आधार पर थाना वजीरगंज लखनऊ पर धारा 376D/342/328/323/504/506 में मामला दर्ज किया है.

जानकारी के अनुसार पीड़िता के पिता लखनऊ में बड़े पद पर तैनात हैं और युवती KGMU में इलाज करवा रही थी. KGMU आने के दौरान बाहर चाय का स्टॉल लगाने वाले सत्यम से उसकी जान पहचान हुई. मोबाइल चार्जिंग के बहाने युवती के साथ गाड़ी में गैंग रेप की घटना को अंजाम दिया गया है. सत्यम, असलम और सुहैल पर गैंग रेप का आरोप है. तीनों आरोपियों को वाजीरगंज पुलिस ने गिरफ्तार किया है. रेप की घटना को अंजाम देने के बाद पॉलिटेक्निक चौराहे पर आरोपियों ने युवती को छोड़ा था.

घटना पर पुलिस ने क्या कहा?
पुलिस को जानकारी देते हुए पीड़िता ने बताया कि मेरा इलाज केजीएमयू के मानसिक चिकित्सालय विभाग से हो रहा है. मैं 5 दिसंबर को इलाज के वास्ते यहां आई थी. यहां मैं पिछले कई महीनो से आ रही हूं तो इस दौरान चाय इत्यादि पीने के लिये मैं हॉस्पिटल के बाहर स्थित सत्यम की चाय की टपरी में चली जाती थी. इस क्रम में मेरी उससे जान पहचान हो गई थी. 5 दिसंबर को मैं जब यहां डॉक्टर से मिलकर बाहर आई तो चाय पीने के लिये सत्यम की दुकान पर गई. उस दौरान मेरा फोन डिस्चार्ज हो गया था और मैंने यह बात सत्यम को बताई.

पीड़िता ने सुनाई आपबीती
जब मैं सत्यम के साथ आईटी चौराहा पहुंची तो वहां पर कोई एंबुलेंस नहीं थी, लेकिन सत्यम की चाय की दुकान पर बैठा वह व्यक्ति जो एम्बुलेंस में फोन चार्जिंग के लिए मेरे साथ एम्बुलेंस तक गया था वह वहां मौजूद था. उसके साथ दो लड़के और भी थे, वहां उन लोगो ने मुझे एक सिल्वर रंग की वेगनार गाड़ी में बैठा लिया और मुझे बाराबंकी की तरफ ले जाकर सफेदाबाद के पास एक ढाबा में ले गए. वहां इन लोगों ने मुझे जबरदस्ती नशीला पदार्थ पिला दिया. फिर वहां से गाड़ी में बैठा कर हाइवे पर आ गए और गाड़ी में ही तीन लोगों ने मेरे साथ गलत काम किया. मुझे मुंशी पुलिया इंदिरा नगर में छोड़कर चले गये और मैं वहां से अपनी सहेली के घर गई. चूंकि मैं उस समय काफी परेशान थी और अतः मै उस समय पुलिस को नहीं बता पाई.

ये भी पढ़ें: 

UP News: महंत नरेंद्र गिरि संदिग्ध मौत मामले में कोर्ट में फिर हाजिर नहीं हुए अमर गिरि, अदालत ने जारी किया समन





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *